IG गौरव राजपूत के निर्देशन में नशा तस्करों पर शिकंजा, 13.17 करोड़ से ज्यादा के मादक पदार्थ और 10.41 करोड़ के वाहन जब्त
रीवा। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ रीवा जोन पुलिस ने बीते 18 महीनों में कार्रवाई का ऐसा आंकड़ा पेश किया है, जो अभियान के व्यापक स्तर को सामने रखता है। रीवा रेंज के आईजी गौरव राजपूत के निर्देशन में चल रहे ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत 1 जनवरी 2025 से 31 अगस्त 2026 तक 1007 प्रकरण दर्ज कर 1615 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।इस कार्रवाई की खास बात सिर्फ गिरफ्तारियों की संख्या नहीं, बल्कि नशे के कारोबार में इस्तेमाल होने वाले संसाधनों और बड़ी मात्रा में मादक पदार्थों पर की गई कार्रवाई भी है। पुलिस के अनुसार इस अवधि में 13 करोड़ 17 लाख रुपये से अधिक मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए, जबकि तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे 294 वाहनों की अनुमानित कीमत 10 करोड़ 41 लाख रुपये बताई गई है।
गांजे से लेकर कोरेक्स और नशीली गोलियों तक बड़ी बरामदगी
रीवा जोन पुलिस की कार्रवाई में कुल 5535 किलो 931 ग्राम गांजा बरामद किया गया। इसके अलावा 97,865 शीशी कोरेक्स, 4,13,310 नशीली टैबलेट-कैप्सूल, 450 ग्राम अफीम, 123.6 ग्राम हेरोइन, 206.54 ग्राम स्मैक और 244 ग्राम चरस जब्त की गई।पुलिस ने अभियान के दौरान गांजे के सात पौधों को भी नष्ट किया।
रीवा में सबसे बड़ा आंकड़ा
जोन के जिलों में रीवा जिले में कार्रवाई का आंकड़ा सबसे अधिक रहा। पुलिस के अनुसार यहां 267 प्रकरण दर्ज करते हुए 501 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।कार्रवाई में 3323 किलो गांजा, 38,446 शीशी कोरेक्स और 3,90,391 नशीले कैप्सूल बरामद किए गए। जब्त मादक पदार्थों की अनुमानित कीमत 8.55 करोड़ रुपये बताई गई है।सतना में 185 प्रकरणों में 287 गिरफ्तारियां हुईं और 1121 किलो गांजा, 23,438 शीशी कोरेक्स तथा 5908 नशीली टैबलेट जब्त की गईं।सीधी में 254 मामलों में 371 आरोपियों की गिरफ्तारी हुई। यहां 585 किलो गांजा और 13,409 शीशी कोरेक्स समेत अन्य नशीली दवाएं बरामद की गईं।सिंगरौली में 157 प्रकरणों में 200 आरोपी, मऊगंज में 81 प्रकरणों में 163 आरोपी और मैहर में 83 प्रकरणों में 113 आरोपी गिरफ्तार किए गए।
आईजी का स्पष्ट संदेश—नशे के कारोबार को नहीं मिलेगा संरक्षण
नशे के कारोबार की सप्लाई चेन पर चोट करने के लिए पुलिस ने केवल मादक पदार्थों की बरामदगी तक कार्रवाई सीमित नहीं रखी। अभियान के दौरान 181 दोपहिया और 113 चारपहिया वाहन, यानी कुल 294 वाहन, जब्त किए गए। इनकी अनुमानित कीमत 10 करोड़ 41 लाख रुपये बताई गई है।
आईजी का स्पष्ट संदेश—नशे के कारोबार को नहीं मिलेगा संरक्षण
आईजी गौरव राजपूत ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को भी यह संदेश दिया गया है कि नशे के कारोबार में किसी प्रकार की संलिप्तता सामने आने पर विभागीय स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।‘ऑपरेशन प्रहार’ के आंकड़े बताते हैं कि रीवा जोन में नशे के खिलाफ कार्रवाई को लगातार अभियान के रूप में आगे बढ़ाया जा रहा है। 1007 प्रकरण, 1615 गिरफ्तारियां, करोड़ों की मादक सामग्री और करोड़ों के वाहन जब्ती—ये आंकड़े फिलहाल इस अभियान की कार्रवाई का पैमाना सामने रखते हैं।अब अभियान की अगली चुनौती केवल गिरफ्तारी नहीं, बल्कि नशे की सप्लाई के पीछे सक्रिय नेटवर्क तक पहुंचना और उसे कानून के दायरे में लाना होगी।
