मुंबई | विशेष संवाददाता महाराष्ट्र में विधानसभा चुनावों के बाद हुए स्थानीय निकाय (नगर परिषद और नगर पंचायत) चुनावों में सत्तारूढ़ महायुति ने प्रचंड जीत हासिल कर विपक्षी महाविकास आघाड़ी (MVA) का सूपड़ा साफ कर दिया है। रविवार को घोषित नतीजों में भाजपा सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरी । मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस जीत को ‘टीम महायुति’ के विकास कार्यों और जनता के अटूट विश्वास का परिणाम बताया है।
क्या है ‘महायुति’ और कौन हैं इसके सारथी?
महाराष्ट्र की सत्ता पर काबिज ‘महायुति’ तीन प्रमुख दलों का एक शक्तिशाली गठबंधन है:
भारतीय जनता पार्टी (BJP): नेतृत्व – देवेंद्र फडणवीस (मुख्यमंत्री)।
शिवसेना (शिंदे गुट): नेतृत्व – एकनाथ शिंदे (मुख्य नेता एवं डिप्टी सीएम)।
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP – अजीत पवार): नेतृत्व – अजीत पवार (डिप्टी सीएम)।
इनके अलावा गठबंधन में रामदास अठावले (RPI-A) और अन्य छोटे दल भी शामिल हैं।
मैदान-ए-जंग: प्रमुख जीत और हार
बीजेपी का ‘क्लीन स्वीप’: जामनेर, अनगर और दोंडाईचा में बीजेपी ने मतदान से पहले ही सभी सीटें निर्विरोध जीतकर इतिहास रच दिया। सासवड (पुणे) में दिनेश भिंताडे और लीना वढणे जैसे दिग्गजों ने जीत का परचम लहराया।
शिंदे सेना की दहाड़: कोल्हापुर के मुरगुड में एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने 20 में से 16 सीटें जीतकर विपक्षी खेमे में खलबली मचा दी।
अजीत पवार का प्रभाव: रहिमतपुर और बारामती के आसपास के क्षेत्रों में अजीत पवार की एनसीपी ने अपनी पकड़ बरकरार रखी है। यहाँ उन्होंने कांग्रेस और शरद पवार गुट को करारी शिकस्त दी।
विपक्ष की स्थिति: कांग्रेस को कुछ जगहों पर सफलता मिली, वहीं उद्धव ठाकरे और शरद पवार की पार्टियों को शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में भारी नुकसान झेलना पड़ा है।
इंका (INC) में नेता पद पर कयास
विपक्ष में कांग्रेस 36 निकायों के साथ सबसे बड़ी पार्टी रही है। अब चर्चा है कि स्थानीय निकायों के समन्वय के लिए पार्टी विजय वडेट्टीवार या बालासाहेब थोरात में से किसे मुख्य चेहरा बनाएगी। जानकारों का मानना है कि सतेज पाटिल को भी बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है।
अब लक्ष्य BMC
राजनीतिक पंडितों के अनुसार, यह जीत महज एक शुरुआत है। अगले महीने यानी 15 जनवरी 2026 को मुंबई (BMC), पुणे और ठाणे जैसे बड़े नगर निगमों के चुनाव होने हैं। महायुति की इस बंपर जीत ने विपक्षी खेमे को बैकफुट पर धकेल दिया है और आगामी निगम चुनावों के लिए महायुति के कार्यकर्ताओं में नया जोश भर दिया है।
“यह तो बस ट्रेलर है, असली फिल्म अभी बाकी है। जनता ने झूठे नैरेटिव को नकार कर विकास को चुना है।” — एकनाथ शिंदे, डिप्टी सीएम