करीब 250 मीटर पहुंच मार्ग से वंचित है शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल; पंचायत राज संचालनालय के आदेश में सड़क के लिए राशि स्वीकृत, जनपद सदस्य का आरोप—मंजूरी के बावजूद ग्राम पंचायत ने काम शुरू नहीं किया
रीवा। गंगेव विकासखंड के पताई गांव में वर्षों से स्कूल तक पहुंचने वाले रास्ते का इंतजार कर रहे विद्यार्थियों की परेशानी अब प्रशासन के दरवाजे तक पहुंच गई है। 1956 से संचालित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पताई तक पहुंचने के लिए मुख्य सड़क से करीब 250 मीटर का मार्ग नहीं होने के कारण विद्यार्थियों और कर्मचारियों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालय में वर्तमान में 456 विद्यार्थी अध्ययनरत बताए गए हैं।मामला अब इसलिए भी महत्वपूर्ण हो गया है क्योंकि विद्यालय तक पहुंच मार्ग के निर्माण के लिए पंचायत राज संचालनालय, भोपाल की ओर से जारी आदेश में राशि स्वीकृत की जा चुकी है। इसके बावजूद सड़क निर्माण शुरू नहीं होने का आरोप लगाते हुए जनपद सदस्य ममता अशोक सिंह ने प्रशासन को धरने की सूचना दी है।
सरकारी आदेश में पताई की सड़क के लिए राशि स्वीकृत
पंचायत राज संचालनालय, मध्यप्रदेश भोपाल के 2 अगस्त 2026 के आदेश क्रमांक 6084-2026/15291 में मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं अवसंरचना योजना के अंतर्गत विभिन्न निर्माण कार्यों के लिए शेष राशि जारी करने की स्वीकृति दी गई है। उपलब्ध दस्तावेज में गंगेव जनपद के पताई में हायर सेकेंडरी स्कूल तक पहुंच मार्ग के लिए पीसीसी सड़क निर्माण का उल्लेख है।आदेश की तालिका में पताई के इस कार्य की लंबाई 300 मीटर दर्ज है और कार्य के लिए 10.04 लाख रुपये की स्वीकृत राशि तथा उसके अनुरूप प्रथम और शेष किश्त का उल्लेख किया गया है।यानी कागज पर सड़क के लिए स्वीकृति और राशि दोनों मौजूद हैं। अब सवाल यह है कि जमीन पर निर्माण कब शुरू होगा?
स्कूल प्राचार्य ने भी बताई रास्ते की समस्या
पताई शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य की ओर से जनपद अध्यक्ष को दिए गए पत्र में स्कूल तक पहुंच मार्ग की समस्या का उल्लेख किया गया है। पत्र के अनुसार संस्था में कक्षा पहली से 12वीं तक 222 बालक और 234 बालिकाएं, यानी कुल 456 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।पत्र में कहा गया है कि विद्यालय मुख्य सड़क से लगभग 250 मीटर दूर है और वहां तक समुचित पहुंच मार्ग नहीं होने से विद्यार्थियों तथा कर्मचारियों को आवागमन में असुविधा होती है। विद्यालय की स्थापना वर्ष 1956 में हुई थी।
जनपद सदस्य ने कहा—मंजूरी के बाद भी काम शुरू नहीं
जनपद सदस्य ममता अशोक सिंह ने 24 सितंबर को अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, सिरमौर को दी गई सूचना में कहा है कि सड़क निर्माण के लिए राशि स्वीकृत होने के बावजूद ग्राम पंचायत द्वारा काम शुरू नहीं किया जा रहा है।अपने पत्र में उन्होंने बताया कि सड़क निर्माण की स्वीकृति स्थानीय विधायक नरेंद्र प्रजापति और जनपद पंचायत गंगेव के अध्यक्ष विकास तिवारी की पहल से होने की बात कही गई है। उन्होंने खुद को क्षेत्र की निर्वाचित जनपद सदस्य बताते हुए कहा कि उनके आग्रह पर सड़क के लिए राशि स्वीकृत कराई गई।
एक सप्ताह के भीतर काम शुरू करने की मांग
जनपद सदस्य ने प्रशासन को दी गई सूचना में मांग रखी है कि विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों की सुविधा के लिए उपलब्ध राशि से एक सप्ताह के भीतर सड़क निर्माण शुरू कराया जाए।उन्होंने कहा है कि यदि ऐसा नहीं होता है तो वह विद्यालय परिसर के सामने धरने पर बैठेंगी। पत्र में धरने की जिम्मेदारी प्रशासन की होने की बात भी कही गई है। पत्र की प्रतिलिपि विधायक, जनपद पंचायत अध्यक्ष और रीवा कलेक्टर को भी भेजी गई है।
कागज पर स्वीकृति, जमीन पर इंतजार
पताई के इस मामले की सबसे बड़ी तस्वीर यही है—एक तरफ सरकारी आदेश में सड़क निर्माण के लिए राशि स्वीकृत है, विद्यालय प्रबंधन लिखित रूप से पहुंच मार्ग की समस्या बता चुका है और निर्वाचित जनपद सदस्य धरने की चेतावनी दे रही हैं; दूसरी तरफ निर्माण कार्य शुरू होने का इंतजार बना हुआ है।456 विद्यार्थियों वाले विद्यालय के सामने खड़ा यह सवाल सिर्फ सड़क, का नहीं, बल्कि स्कूल तक बच्चों की सुरक्षित और सुगम पहुंच का है। अब निगाह प्रशासन और ग्राम पंचायत की अगली कार्रवाई पर है कि स्वीकृत राशि के बाद सड़क का काम कब जमीन पर दिखाई देता है। दस्तावेजी आधार: पंचायत राज संचालनालय, भोपाल का आदेश क्रमांक प. राज./निर्माण/181/6084-2026/15291, दिनांक 02 अगस्त 2026; शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पताई का पहुंच मार्ग संबंधी पत्र तथा जनपद सदस्य ममता अशोक सिंह द्वारा 24 सितंबर 2026 को एसडीएम सिरमौर को दी गई धरने की सूचना।
