तुला का मंगल, कुंभ का राहु 14 सितंबर से श्राद्ध पक्ष में अंगारक योग बनाएगा और अधर्म में आग लगाएगा”
मंगल (Mars) जब राहु (Rahu) के साथ एक ही राशि में आता है तो उसे अंगारक योग कहा जाता है।
यह योग अक्सर उग्रता, विवाद, दुर्घटना, अग्निकांड, युद्ध जैसी अशांत परिस्थितियों को जन्म देने वाला माना जाता है।
वाक्य में बताया गया है कि यह योग 14 सितंबर से शुरू होगा, जो श्राद्ध पक्ष (पितृपक्ष) के समय बनेगा।
श्राद्ध पक्ष में यह योग बनने से संकेत है कि समाज या दुनिया में अधर्म, अशांति और कलह जैसी स्थितियाँ प्रबल हो सकती हैं।
“अधर्म में आग लगाएगा” का प्रतीकात्मक अर्थ है – यह समय अन्याय, गलत कार्य, झगड़ों और असंतुलन को बढ़ावा देने वाला हो सकता है।
14 सितंबर से श्राद्ध पक्ष में मंगल और राहु का अंगारक योग बनेगा, जो कलह, विवाद, अधर्म और अशांति की स्थितियों को भड़काएगा।
