नई दिल्ली/ढाका। (एजेंसी)
भारत और बांग्लादेश के बीच राजनयिक स्तर पर तनाव और गहरा गया है। भारत सरकार ने बांग्लादेश के उच्चायुक्त रियाज हमीदुल्लाह को तलब कर बांग्लादेश में भारतीय राजनयिकों और मिशनों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई है। साथ ही बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों, विशेष रूप से हिंदू समुदाय पर हो रहे हमलों का मुद्दा भी सख्ती से उठाया गया।
सूत्रों के अनुसार, यह बीते एक सप्ताह में दूसरी बार है जब भारत ने बांग्लादेशी उच्चायुक्त को समन भेजा है। इससे पहले 17 दिसंबर को भी उन्हें विदेश मंत्रालय में तलब किया गया था।
इधर, ढाका ने भी आज सुबह भारतीय उच्चायुक्त प्रणय वर्मा को तलब किया। बांग्लादेश सरकार ने भारत में स्थित बांग्लादेशी मिशनों के बाहर हो रहे प्रदर्शनों पर औपचारिक आपत्ति दर्ज कराई। यह भी पिछले 10 दिनों में दूसरी बार है जब भारतीय उच्चायुक्त को बांग्लादेश ने समन भेजा है। इससे पहले 14 नवंबर को उन्हें तलब किया गया था।
घटनाओं से बिगड़े द्विपक्षीय संबंध
दोनों देशों के रिश्तों में खटास बांग्लादेशी छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद तेज हुए भारत-विरोधी प्रदर्शनों से शुरू हुई। इसके बाद मैमन सिंह जिले में दीपू की मॉब लिंचिंग की घटना ने हालात को और संवेदनशील बना दिया।
राजनयिक जानकारों का मानना है कि बार-बार हो रहे समन और सार्वजनिक विरोध प्रदर्शनों से दोनों देशों के बीच भरोसे पर असर पड़ रहा है। हालांकि दोनों ही पक्ष औपचारिक रूप से बातचीत के जरिए मुद्दों के समाधान की बात कर रहे हैं।
