पूर्णाहुति के बाद हजारों श्रद्धालुओं ने ग्रहण किया महाप्रसाद, सुबह से देर शाम तक चलता रहा भंडारा
रीवा, मध्य प्रदेश | 8 सितंबर 2026।यज्ञों की पावन स्थली हनुमान जी स्वामी मंदिर प्रांगण, कैथा में 31 अगस्त से आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत भक्ति ज्ञान महायज्ञ का सोमवार, 7 सितंबर को विधि-विधान से पूर्णाहुति एवं विशाल भंडारे के साथ भव्य समापन हुआ। महायज्ञ के अंतिम दिन मंदिर परिसर में आयोजित विशाल महाभंडारे में कैथा सहित आसपास के दर्जनों ग्रामों से हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भक्तों ने पंगत में बैठकर सात्विक महाप्रसाद ग्रहण किया और हनुमान जी स्वामी के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।सुबह से ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, भंडारे में शामिल होने वाले भक्तों की संख्या भी बढ़ती गई। सेवादारों द्वारा श्रद्धालुओं को पंगत में बैठाकर प्रेमपूर्वक प्रसाद कराया गया। भंडारे का सिलसिला देर शाम तक चलता रहा। मंदिर परिसर सहित आसपास का पूरा क्षेत्र भक्ति, श्रद्धा और धार्मिक उल्लास के वातावरण में सराबोर नजर आया।सात दिवसीय भागवत महायज्ञ के दौरान श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण कर भक्ति, ज्ञान और सनातन संस्कृति के विभिन्न आध्यात्मिक प्रसंगों का लाभ प्राप्त किया। समापन अवसर पर पूर्णाहुति के साथ महायज्ञ के निर्विघ्न संपन्न होने की कामना की गई। इसके पश्चात विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों, श्रद्धालुओं और क्षेत्रवासियों ने सहभागिता निभाई।कार्यक्रम के सफल एवं भव्य आयोजन पर महायज्ञ के संयोजक एवं प्रचारक शिवानंद द्विवेदी ने मंदिर समिति, आयोजन से जुड़े सभी सेवादारों, सहयोगियों और क्षेत्र की जनता जनार्दन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की अपार आस्था, सहयोग और सहभागिता के कारण ही सात दिवसीय धार्मिक आयोजन एवं विशाल भंडारा सफलतापूर्वक संपन्न हो सका।कैथा की पावन धरा पर सात दिनों तक बही भागवत भक्ति की गंगा का समापन श्रद्धा और सेवा के उस दृश्य के साथ हुआ, जहां हजारों श्रद्धालु एक साथ बैठकर महाप्रसाद ग्रहण करते नजर आए।
