नई दिल्ली, 8 अगस्त। आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद उच्च शिक्षा हासिल करने का सपना देखने वाले कर्नाटक के 25 वर्षीय छात्र तेलू झांसी विजय कृष्णा के लिए केंद्र सरकार की शैक्षिक सहायता नई उम्मीद लेकर आई है। एनसी-ओबीसी समुदाय से ताल्लुक रखने वाले विजय कृष्णा को सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की ‘ओबीसी, ईबीसी और डीएनटी छात्रों के लिए कॉलेज में शीर्ष स्तरीय शिक्षा’ योजना के तहत 10.27 लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की गई।
मंत्रालय के अनुसार, यह सहायता 23 अप्रैल 2026 को दी गई। आर्थिक तंगी के कारण विजय कृष्णा को उच्च शिक्षा और एमबीए की पढ़ाई का खर्च उठाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। शिक्षा, कौशल विकास और करियर की तैयारी से जुड़े खर्चों के साथ-साथ शैक्षिक ऋण का बोझ भी उनके लिए चुनौती बना हुआ था।
वित्तीय सहायता मिलने के बाद उनके शैक्षिक ऋण का बोझ लगभग 50 प्रतिशत कम हो गया। इससे उन्हें आर्थिक तनाव से राहत मिली और वे अपनी एमबीए की पढ़ाई तथा पेशेवर विकास पर अधिक ध्यान केंद्रित कर पा रहे हैं।
विजय कृष्णा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वित्तीय सहायता से उन्हें अधिक आत्मविश्वास और एकाग्रता के साथ उच्च शिक्षा जारी रखने में मदद मिली है।
विजय कृष्णा का लक्ष्य प्रबंधन और व्यावसायिक क्षेत्र में कौशल विकसित कर भविष्य में व्यवसाय एवं स्टार्टअप के माध्यम से भारत के सामाजिक और आर्थिक विकास में योगदान देना है। उनकी कहानी यह दर्शाती है कि लक्षित शैक्षिक सहायता आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के प्रतिभाशाली छात्रों को उच्च एवं व्यावसायिक शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
