केंद्रीय मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने रोजगार व्यवस्था में बदलाव का विचार रखा, बोले—हर परिवार को सरकारी नौकरी का अवसर मिले
नई दिल्ली / बेंगलुरु। (एजेंसी) सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए नौकरी के अवसर बढ़ाने को लेकर केंद्रीय उद्योग एवं इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने सुझाव देते हुए उन्होंने सरकारी कर्मचारियों की सेवा अवधि मौजूदा लगभग 30 से 35 वर्ष से घटाकर 10, 15 या 20 वर्ष करने के विकल्प पर विचार करने की बात कही। उनका तर्क है कि इससे अधिक युवाओं को सरकारी सेवा में अवसर देने की संभावना बन सकती है।
क्या है मंत्री का प्रस्ताव?
कुमारस्वामी ने रोजगार व्यवस्था पर चर्चा के दौरान विचार रखा कि यदि सरकारी कर्मचारियों की सेवा अवधि कम की जाए और सेवानिवृत्ति के बाद मिलने वाले लाभों की उचित व्यवस्था हो, तो सरकारी पदों पर नई भर्तियों के अवसर बढ़ सकते हैं। उन्होंने हर परिवार में कम से कम एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी मिलने की सोच का भी उल्लेख किया।
मंत्री ने बेरोजगार युवाओं, इंजीनियरिंग स्नातकों और विभिन्न तकनीकी क्षेत्रों में पढ़ाई करने वाले युवाओं की रोजगार संबंधी कठिनाइयों की ओर ध्यान दिलाया। उन्होंने सरकारी विभागों में रिक्त पदों को भरने और भर्ती प्रक्रिया को नियमित व समयबद्ध बनाने की जरूरत भी बताई।
क्या बदल जाएगी रिटायरमेंट की उम्र?
फिलहाल यह एक सुझाव है। इसे लागू करने के लिए संबंधित सरकारों को सेवा नियमों, पेंशन, वित्तीय प्रभाव और भर्ती व्यवस्था पर विचार करना होगा ।
रोजगार पर बहस जरूरी
यदि इस तरह के प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार किया जाता है, तो सवाल केवल सेवा अवधि घटाने का नहीं, बल्कि नई भर्तियों की वास्तविक संख्या, युवाओं को स्थायी रोजगार और सेवानिवृत्त कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा का भी होगा। युवाओं को रोजगार देने के लिए रिक्त पदों को समय पर भरना और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखना भी महत्वपूर्ण है।
सेवा अवधि घटाने से वास्तव में अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिल सकेगी? इसका जवाब नीति, भर्ती के आंकड़ों और वित्तीय व्यवस्था के आकलन के बाद ही स्पष्ट होगा।
